बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi

बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi

हवस की बुरी नजरों से खुद को बचाने के लिए वो हर क्षण संघर्ष कर रही है।

हर वक्त बुरी आँखों से अपने आप को छुपाने के लिए वो कोशिश कर रही है। 

वासनावों से भरी बुरी आँखों में गरम मसाले की पाउडर डालने की प्रतीक्षा कर रही है।  

बुरी नजरों की दुखद यादें, भयानक सपने बनके उसको सताने लगे है। 


बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi

नींद में भी डर के वो पसीना बहा रही है। 

नींदों में भी वो अपनी सुरक्षा के बारे में परेशान  है। 

हर दिन, हर क्षण वो भय के माहौल में जी रही है। 

हर जगावों पर वो उत्पीडनावों का सामना कर रही है। 


बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi

बुरी नजरों से बना हुवा विषारी माहौल उसकी नींदों को उड़ाया है। 

उसे भी खुशी से जीने का अधिकार है। 

उसकी सुरक्षा हमारा बड़ा कर्तव्य है। 

उसे जीने के लिए एक निर्भय माहौल बनाना हमारी जिम्मेदारी बनती है। 


बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi

अगर इस बुरी दुनिया को बदलना है, तो बदलाव की शुरुवात हमारे से ही होनी चाहिए। 

उसे बुरी तरह से देखना बंद कर देना चाहिए। 

आपका हवस की नजरों को उससे हटाना चाहिए। 


बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi

जैसे दो तीन बुरे काम करनेवाले बुरे लोगों से पूरा पुरुष कुल बदनाम हो रहा है। 

इसलिए पहले हम खुद बदलेंगे और बाद में दूसरोंको भी बदलने की कोशिश करेंगे. अगर वो नहीं बदले तो उनसे अच्छे लोगोंको बचाएंगे। 

सभी का सम्मान करें और सभी की सुरक्षा करें। 


बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi

Respect Her and Protect Her. Because you are Indian and 

SHE is our Mother India, Daughter India, and Sister India.


बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi


If you liked this Article, then please share with your friends and for more Entertainment please like our Facebook Page  (Roaring Creations) to get Notified about new posts. 


बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi बुरी नज़र की दुखद यादें - Respect Women and Protect Women - Social Awareness Article in Hindi Reviewed by Director Satishkumar on February 16, 2019 Rating: 5
Powered by Blogger.